मामला तो यह था
इंडिगो की फ्लाइट संख्या 6E 6131 को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल-1 से रात 8.20 बजे रवाना होना था। इसका जयपुर पहुंचने का समय रात 9.10 बजे था। उस दिन दिल्ली एनसीआर में हो रही भारी बारिश बीच विमान के 175 से भी अधिक यात्री आकर बैठ गए थे। लेकिन विमान था कि उड़ने का नाम ही नहीं ले रहा था। जब यात्रियों ने केबिन क्रू से पूछा तो पता चला कि विमान का एक पायलट बारिश की वजह से जाम में फंसा है। उसी विमान में राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के संस्थापक और नागौर के सांसद हनुमान बेनीवाल भी बैठे थे।
यात्री पहुंच गए, पायलट कहां फंस गया?
सांसद हनुमान बेनीवाल ने कुछ पत्रकार से बताया कि भीषण बारिश की वजह से जाम की खबर से वह अवगत थे। इसलिए समय लेकर घर से निकले। ताकि जाम में फंसने के बावजूद एयरपोर्ट समय पर पहुंच जाएं। सिर्फ वही नहीं, विमान के 175 से अधिक सांसद समय पर एयरपोर्ट पहुंच गए। ऐसे में पायलट ने लापरवाही क्यों की? एयरलाइन के पायलटों के बारे में सामान्य नियम यही है कि फ्लाइट से कम से कम एक घंटा पहले वह हवाई अड्डे पर पहुंचते हैं।
आखिर कर टेक-ऑफ हो पाया
बेनीवाल के हवाले से मीडिया में खबर आई है कि इंडिगो का ही एक अन्य विमान दिल्ली पहुंचा और उसी के पायलट को इस विमान को ऑपरेट करने भेज दिया गया। तब जाकर उनका विमान रात 9.09 बजे टेक-ऑफ कर पाया। वह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखते हैं, तमाम व्यवधान के बावजूद जब यात्री समय पर एयरपोर्ट पहुंचते हैं तो पायलट क्यों नहीं? वह केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री से अनुरोध करते हैं कि इस मामले में इंडिगो को जवाबदेह बनाया जाए।
